क्या आप जानते हैं देश मे करीब 27 हजार नवजात सुन नही पाते हैं, इसके पीछे का कारण जानिए, 27 lack children have disability to hearing, reason behind it

मे हर साल 27 हजार लोग सुनने की असमर्थता के साथ जन्म लेते हैं और विश्व मे भी इनकी संख्या 3.6 करोड़ है। सुनने में असमर्थता को भारत मे उपेक्षा की चीज है। यहां सुविधाओं में कमी के कारण लोगो की इच्छा होते हुए भी वह परेशानी झेल रहे है। इसका कारण वंशानुगत, प्रसव के दौरान, गर्भावस्था के दौरान समस्या के कारण भी हो जाता है। प्रसव के दौरान माताओं के साईटोक्सिक और एंटीबायोटिक दवाओं के संपर्क में आने, नवजात को होने वाला पीलिया, दम घुटना/हाईपोक्सिया, जन्म के समय शिशु का वजन कम होना, टोर्च संक्रमण आदि भी बहरेपन के लिए जिम्मेदार हो सकते हैं। ग्रामीण इलाकों में इस परेशानी से अधिक ग्रसित है। कुल मिलाकर 6.3 फीसदी लोग इससे पीड़ित हैं।

डेढ़ से तीन साल के बच्चों में पर्याप्त वार्ता और भाषा का विकास नही हो पाता जिससे इन्हें संकेत पहचानने में दिक्कत आती है। बहरेपन का पता लगाने के लिए दो चरणों मे अलग-अलग जाँच की जाती है।इलेक्ट्रोफिजीयोलोजीकल उपायों ओएई और एबीआर का उपयोग करके विभिन्न असफल पैटर्न का पता लगाया जा सकता है।

यह आयू पर भी निर्भर करता है जन्म से चार महीने तक का नवजात जोर की आवाज से जागता है या हलचल करता है, जोर की आवाज से चौंकता है, परिचित की आवाज से शांत हो जाता है, उसकी आवाज ओर प्रतिक्रिया भी देता है।

चार से नौ महीने तक का बच्चा परिचित आवाज की तरफ अपनी आंखें मोड़ता है, बात करने पर हंसता है, झुनझुने की आवाज की तरफ आकर्षित होता है। इसके अलावा 9 से 16 महीने तक का बच्चा नाम पुकारने पर प्रतिक्रिया देता है, आवाज में स्वर के परिवर्तन का जबाब देता है, मा या पापा भी कहने लगता है। साधारण निर्देश को समझता है और आपकी आवाज को भी दोहराने लगता है।

सरकार की तैयारी, 5 करोड़ PF खाताधारकों को खुश करने की बारी, pf account holder good news here

अगर आप भी नौकरी करते हैं तो यह आपके लिए बड़ी खुशी की बात है। कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) के 5 करोड़ से अधिक ग्राहकों को शीघ्र ही अपने भविष्य निधि कोष में से एक्सचेंज ट्रेडेड फंड (ETF) के द्वारा शेयरों में निवेश बढ़ाने या घटाने का ऑप्शन मिल सकता है।

PF खाताधारकों को अपने फण्ड का 15 प्रतिसत हिस्सा वह शेयर में भी लगा पाएंगे। अब शेयर मार्केट में आप कितना फण्ड लगाना चाहेंगे, यह आप स्वयं ही डिसाईड कर पाएंगे।

कर्मचारी भविष्य निधि संगठन ने शेयर में पैसा लगाकर 2 सालो में अच्छा मुनाफा कमाया है। ईपीएफओ की तरफ से जारी किए डाटा के अनुसार ईपीएफओ ने अगस्‍त 2015 से 28 फरवरी 2018 के बीच ईटीएफ में 41967.51 करोड़ रुपये का निवेश किया था, इससे ईपीएफओ को 17.23 फीसदी का रिटर्न मिला। इसी फायदे को देखते हुए निवेश बढ़ाने की मांग की गई थी।
पेंशनधारकों को भी फायदे वाली खबर पिछले दिनों आई थी कि सरकार पेंशनधारकों को एम्प्लॉई पेंशन स्कीम के द्वारा मिलने वाली न्यूनतम राशि को दोगुना कर सकती है। कर्मचारी भविष्य निधि संगठन की राशि 2,000 रुपये किया जा सकता है। इससे लगभग 40 लाख सब्सक्राइबर्स को फायदा होगा और सरकार पर सालाना 3000 करोड़ रुपये का बोझ बढ़ेगा। इस पर अंतिम फैसला जल्दी ही ले लिया जाएगा।

बिजनेस आप शुरू करे, लोन सरकार देगी, you do your business and loan given by government

स्माल स्केल के बिजनेस के लिए अधिक पैसे और सपोर्ट की आवश्यकता होती है। सरकार भी अधिक लोन बहुत कम दर पर देने का भरपूर प्रयास कर रही है। कई बैंक भी हैं जो सरकार की योजनाओं के साथ तालमेल मिलाकर काम कर रही हैं। जिसमें भारतीय स्टेट बैंक पर प्रमुख रूप से शामिल है।

स्माल स्केल के लिए वर्किंग कैपिटल फाइनेंस- इसके अंतर्गत व्यवसाय को संचालित करने के लिए जिस पैसें की जरूरत पड़ती है वह वर्किंग कैपिटल कहलाती है, जब तक कि हमारा बिजनेस पूरी तरह से स्थापित न हो जाये।

कॉरपोरेट टर्म लोन- यह किसी विशेष बाजार में अपनी पहुँच बढ़ाने या नए उपकरण को उपयोग में लाने के लिए दी दाती है।

टर्म फाइनेंस- यह लोन हमे अचल संपत्ति जैसे कि मशीन, बिल्डिंग खरीदने के लिए दी जाती है जो कि 10 सालो तक कि अवधि के लिए दी जाती है।

स्टेट बैंक ऑफ इंडिया यह सबसे सामान्य बैंक है जो कई तरह के लोन देता है। लोन लेने के लिए बैंक के द्वारा गांव और अर्द्धशहरी क्षेत्रों की ब्रांचों में यह सुविधा प्रदान की गई है। यहां पर आपको एसबीआई से मिलने वाले लोन के बारे में बता रहे हैं- क्रॉप लोन, हार्टीकल्‍चर फाइनेंशिंग, फर्म मैकेनाइजेशन स्‍कीम, लैण्‍ड डेवलपमेंट स्‍कीम, माइनर इरीगेशन प्रोजेक्‍ट, एग्रीकल्‍चर टर्म लोन।

कृषि के अलावा अन्‍य व्‍यवसायों के लिए एसबीआई की कुछ लोन स्‍कीम इस प्रकार हैं- वर्किंग कैपिटल फाइनेंस, कॉरपोरेट टर्म इंश्‍योरेंस, डिफर्ड भुगतान गारंटी, प्रोजेक्‍ट फाइनेंस, स्‍ट्रक्‍चर्ड फाइनेंस।

देश के 5.70 करोड़ किसानों को प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के द्वारा दिया गया लाभ, pradhanamntri fasl beema yojna and its rule

जैसा की आप सभी जानते हैं भारत एक कृषि प्रधान देश है और बहुत समय से खराब मौसम और सरकारी योजनाओं के आभाव में किसानों की हालत में सुधार नही हो पाया है। हमारे देश मे सूखा और बाढ़ जैसी समस्याओं के बढ़ जाने से किसानों की आय पर बुरा असर पड़ रहा है।

फसल बीमा योजना से किसानों को फसल को लेकर होने वाली चिंता कम हो जाती हैं। केंद्र सरकार द्वारा किसानों की समस्या को देखते हुए 2016 में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) की शुरूआत की गई थी। इससे पहले किसान आपदा से होने वाले नुकसान को लेकर चिंता में रहते थे और ऐसीं आपदाओं से उन्हें बड़ी दिक्कतों का सामना करना पड़ता था।

पॉलिसी के अनुसार खरीफ फसल के लिए 2 % तथा रवि के लिए 1.5 % का भुगतान यानी प्रीमियम देना पड़ता है। जिसके अंतर्गत प्राकृतिक आपदा जैसे बाढ़-सूखे की स्थिति में आर्थिक सहायता की जाती है। अगर अब किसानों को किसी भी आपदा से नुकसान का डर है तो बीमा करा लें और इसमे प्रीमियम भी कम देना पड़ता है। इसके अंतर्गत निजी या भाड़े पर ली गई जमीन पर बीमा दिया जाता है। इसमे राशि सीधे किसानों के बैंक खाते में जमा की जाती है।
जरूरी दस्तावेज- एप्पलीकेशन फार्म, जमीनी दस्तावेज, किसानों के पहचान पत्र, राशन कार्ड, घर के पता का प्रमाण, फसल के बुआई की तिथि आदि।

फसल बीमा योजना में अप्लाई करने के लिए हमे उसकी ऑफिसियल वेबसाइट agri-insurance(dot)gov (dot)in पर जाना होगा इसकी लिंक हम अपने कमेंट बॉक्स में भी दे रहे हैं। इसमे हमे अपना एकाउंट बनाना होगा। इसके लिए हमे रेजिस्ट्रेशन पर क्लिक करके अपनी जानकारी डालनी होगी। और इसके बाद सब्मिट कर देना है।

आप चाहे तो इसे ऑफलाइन भी कर सकते हैं इसके लिए फार्म डाउनलोड करके, उसमें सारी जानकारी भरने के बाद किसी भी बैंक में जाकर जमा कर देना है। इस योजना के तहत सरकार द्वारा लाभ की कोई सीमा नही है, इसमे किसानों को 90 तक का लाभ भी मिल चुका है। वर्ष 2016 17 में 5.70 करोड़ किसानों ने इस योजना में अपना रेजिस्ट्रेशन करवाया था, जिसका लगभग 13,661 करोड़ रुपये के दावे किए गए हैं जिसमे से 12,313 दावों के निपटारे किया जा चुका है।

आपका बैंक खाता है तो आप भी ये 10 फायदों के हकदार होंगे, if you have bank account then these 10 benefits will be your

आरबीआई के द्वारा बनाये गए बैंकिंग कोड्स एंड स्टैन्डर्ड्स बोर्ड ऑफ इंडिया (बीसीएसबीआई) ने बैंक ग्राहकों को इन 10 बड़े फायदे होने का अधिकारी बताया है। बहुत से बैंक खाता धरको को इस बारे में सही जानकारी नही होती है जिससे वह पूरी सुविधा का लाभ नही ले पाते हैं।

बेसिक खाता/मिनी एकाउंट खुलवाना सभी का अधिकार है और कोई बैंक इस बात को नकार नही सकता है।सभी बैंकों को डिपॉजिट की विशेष शर्तों को खाता खोलते समय बताना आवश्यक है।

बेसिक खाता में अगर बिल्कुल भी पैसा नही है तो बैंक आपका खाता बंद नही कर सकता। साथ ही मिनिमम अमाउंट के न होने पर भी कोई भी बैंक चार्ज नही ले सकता।

बैंक के खाते को दुबारा चालू करवाते समय बैंक आपसे कोई चार्ज नही के सकता, इसके अलावा आप पुराने या फटे नोट बैंक की किसी भी ब्रांच से बदल सकते हैं।

बुजुर्ग या विकलांग को एक ही खिड़की पर सारी सुविधाओं देना अनिवार्य है। कोई भी व्यक्ति किसी भी बैंक से नेशनल इलेक्ट्रॉनिक फंड्स के माध्यम से 50,000 तक कि राशि किसी अन्य बैंक खाते में जमा करा सकते हैं।

चेक के क्लियर होने में यदि तय सीमा से अधिक समय लगता है तो ग्राहकों को मुआवजा पाने का अधिकार है। किसी व्यक्ति ने सिक्योरिटी जमा करके लोन दिया है और लोन चुकाने के 15 दिन के अंदर सिक्योरिटी को वापस करना पड़ता है।

एसबीआई फ्री में दे रहा 5 लाख का बीमा बस करें ये काम, घर पर ही अपना खाता कैसे खोले how to open state bank account and benfits of 5 lack insurance

आप स्टेट बैंक की लाइन में नही लगना चाहते हैं तो यु ओनली नीड वन (योनो) नाम की मोबाइल एप्प है, जिससे आपको लाइन में लगकर खाता खुलवाने से मुक्ति मिल जाएगी और 5 लाख तक का दुर्घटना बीमा फ्री में दिया जाएगा। एसबीआई के अलावा एक्सिस बैंक भी घर बैठे डिजिटल खाता खोलने की सुविधा दे रहा है। यह खाता केवल 18 वर्ष से अधिक के लोग ही खुलवा सकते हैं।
हमे डिजिटल खाता खोलने के लिये मोबाइल नंबर, ईमेल आईडी, पैन की जरूरत पड़ती है। इस खाते को सिर्फ भारतीय ही खुलवा सकते है और इसमें हमे नॉमिनी का नाम भी देना पड़ता है। खाता खोलते समय आप जिस ब्रांच को सेलेक्ट करे, वह आपकी होम ब्रांच बन जाएगी। हमे बस एक बार बैंक में जाकर आधार को वैरीफाई करवाना पड़ता है जिसके बाद आप बैंक की सारी सुविधाओ का लाभ ले सकते हैं।
इसके साथ ही हमे प्लैटिनम का डेबिट कार्ड भी दिया जाएगा। इस डेबिट कार्ड से हम 1 लाख तक कि निकासी कर सकते हैं। आप चेक बुक भी मंगा सकते हैं। यह एप्प प्ले स्टोर पर आसानी से डाउनलोड किया जा सकता है।

बैंक की शिकायत करने वालों के लिए बहुत जरूरी सूचना, आप बैंक की सेवाओं से संतुष्ट नही हैं, how to complain about bank related problem

कई बार बैंक के कर्मचारी हमारे साथ बुरा बर्ताव कर देते हैं। जैसे बैंक अकाउंट खोलने अथवा बंद करने में आनाकानी करना , पूर्व सूचना के बगैर सर्विस चार्ज काट लेना , बिना उचित कारण बताए लोन आवेदन को रद्द कर देना, बिना किसी ठोस वजह के लोन देने से मना करना , क्रेडिट कार्ड बिल समय पर भरने के पश्चात भी अतिरिक्त शुल्क काट लेना , बिना वजह बैंक कर्मचारी ग्राहकों से चिढ जाने पर ग्राहकों के साथ दुर्व्यवहार करना और उन्हें सुविधाएं ना प्रदान करना , बैंक कर्मचारियों द्वारा ग्राहकों के साथ ऐसे दुर्व्यहार करना आजकल हर कहीं सुनने को मिल जाता है। कई बार बैंक अपने क्रेडिट कार्ड के बकाया के लिए भी ग्राहकों को परेशान करते हैं। ऐसे समय मे ग्राहक कुछ नही कर पाता है। जिससे उसे वह सुविधाऐं नही मिल पाती हैं जो उसका अधिकार है।

भारतीय रिजर्व बैंक ने इस तरह की घटनाओं से बचने के लिए विशेष नियम बनाये हैं। जिससे कि हम बैंक कर्मचारी के विरुद्ध ठोस कदम उठा सकते हैं। जिससे वह उनके साथ ही नहीं बल्कि अन्य ग्राहकों के साथ भी दुर्व्यवहार नहीं कर सकेंगे।

ज्यादातर बैंको में शिकायत काउंटर भी होता है जहां पर हम अपनी शिकायत लिखित रूप में कर सकते हैं।टोल फ्री नंबर पर भी कॉल करके अपनी शिकायत कर सकते हैं। अपनी शिकायत करने के पश्चात अपनी कंप्लेंट ID जरूर प्राप्त कर लें।

आप बैंक की ऑफिशियल वेबसाइट पर भी अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। 30 दिन के अंदर Bank द्वारा आपकी शिकायत का समाधान कर लिया जाएगा।
आप बैंक के द्वारा दिए गए जबाब से संतुष्ट नही हैं तो आप बैंकिंग लोकपाल से इसकी शिकायत कर सकते हैं।बैंकिंग लोकपाल/बैंकिंग ओंबड्समैन एक वरिष्ठ बैंक का अधिकारी होता जो की रिजर्व बैंक द्वारा नियुक्त किया जाता है। जिसके कार्यालय राज्यों की राजधानी में होता ही है। शिकायत दर्ज कराने के लिए आपको किसी प्रकार का शुल्क नहीं देना होता है पर लोकपाल को शिकायत करने से पहले आपको अपनी शिकायत बैंक में लिखित रूप से करनी पड़ती है। बैंकिंग लोकपाल भी आपकी शिकायत 30 दिनों में निपटा लेते हैं।बैंकिंग लोकपाल के पास शिकायत दर्ज कराने के लिए आपको एक सादे कागज पर अपनी शिकायत लिखकर लोकपाल के ऑफिस में जमा करनी होगी।

आप इसे उपभोक्ता फोरम से भी संपर्क कर सकते हैं। जो बैंक से जुड़ी शिकायत का निराकरण करता है। आप बैंक के खिलाफ अदालत में केस फाइल भी कर सकते हैं।

आप चाहें तो ऑनलाइन भी अपनी शिकायत कर सकते हैं। हमे इस ''सेकवेबडोटआरबीआई डॉटओआरजीडॉटइन'' लिंक पर जाकर शिकायत कर सकते हैं। इसकी लिंक हम अपने कमेंट बॉक्स में भी दे रहे हैं। जब साइट पर जाने के बाद आपको नीचे दिखाये गए स्क्रीन शॉट की तरह पेज खुलेगा। यहां पर आपसे सबसे पहले पूछा जाएगा की हमने बैंक में लिखित शिकायत की है या नही।
अगले पेज में हमारे सामने एक पेज खुलेगा जिसमें बैंक का नाम अकाउंट नंबर , कंप्लेंट नेम , कंप्लेंट करने वाले की ईमेल ID , कंप्लेंट करने वाले का पता, मोबाइल नंबर , शिकायत की PDF फाइल अपलोड करने के लिए कहा जाएगा। सारी डिटेल भरने के बाद फार्म को सबमिट कर देना है जिसके बाद हमारी शिकायत लोकपाल के पास पहुँच जाएगी।

देश के 13 करोड़ लोगों को फायदा देने वाली PMRPY योजना में कैसें करे आवेदन how to apply pmrpy

इस योजना को केंद्र सरकार के श्रम और रोजगार मंत्रालय द्वारा 2016 में शुरू किया गया था। इसका उद्देश्य देश मे बेरोजगार युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना है। अधिक से अधिक उद्दमी को विकसित करना है जिससे कि वह अधिक लोगों को रोजगार दे सकें। इस योजना का लाभ काम देने वाले और काम प्राप्त करने वाले दोनों को मिलता है।
इसमें सरकार नियोक्ताओं को रोजगार पेंशन योजना के रूप में 8.33% का भुगतान करेगी। कपड़ा क्षेत्र से जुड़ी कंपनियों के लिए यह राशि 12% है। अन्य कई क्षेत्रों से जुड़े कंपनियों को EPF कंट्रीब्यूशन 3.67 % का अतिरिक्त प्रोत्साहन प्रदान किया जाता है। इसके लिए केंद्र सरकार की और से 1000 करोड़ का बजट रखा गया है।
इस योजना का लाभ उन लोगों को मिलेगा जिनका मासिक वेतन 15000 या ₹ 15000 से कम है। इस योजना का कार्यकाल 3 से 7 वर्ष का है। यह योजना का लाभ केवल ऐसे नए कर्मचारी प्राप्त कर सकते हैं, जिन्होंने इससे पहले ऐसे संस्थानों में काम ना किया हो जो कर्मचारी भविष्य निधि संगठन epfo में पंजीकृत हो और ऐसे कर्मचारियों के पास पहले से UAN नंबर ना हो। मान लीजिये की कंपनी पहले से काम कर रही है और इसमें से कई कर्मचारी पीएफ का लाभ ले रहे हैं तो जो नए कर्मचारी आयेंगे उन्हें ही इस योजना के लाभ मिलेगा।इसमें कामगारों को लेवर ऑथेंटिफिकेशन नंबर को प्राथमिक संकेत के रूप में उपयोग किया जाएगा। हर महीने की 10 तारीख तक नियुक्ता इस योजना के अंतर्गत आवेदन फार्म प्रधानमंत्री रोजगार प्रोत्साहन योजना 2018 (PMRPY) पोर्टल की मदद से ऑनलाइन सबमिट कर सकते हैं। इस योजना के माध्यम से जो अपना बिजनेस शुरू करना चाहते हैं उन्हें 15 प्रतिसत तक कि सब्सिडी भी दी जाती है। इसमें अप्लाई करने के लिए सबसे पहले हमें इसकी ऑफिसियल वेबसाइट पर जाना होगा।
जिसकी लिंक हम कमेंट बॉक्स में दे रहे हैं। आप अपनी ईसीआर पोर्टल ऑफ EPFO या वेरीफिएड LIN नंबर और पासवर्ड से लॉग इन करके आवेदन कर सकतें हैं। भारत में करीब 5 करोड़ 85 लाख छोटी-बड़ी इकाइयां हैं। जो लगभग 13 करोड़ 12 लाख 90 हजार लोगों को रोजगार देने में समर्थ है |

अब जरूरी नही होगा आधार नंबर, UIDAI ने बनाया नया नियम, now virtual id can replace adhar number

यूनिक आइडेंटिफिकेशन अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने मंगलवार को वर्चुअल आईडी की शुरुआत की, इसका अभी बीटा विरजन लांच कर दिया है। अब सर्विस प्रदाता इसे स्वीकार भी करने लगेंगे। UIDAI ने प्राइवेसी के कारण इसकी शुरुआत की थी, इसका उपयोग हम अपने पते को बदलने में भी कर सकते हैं। इससे हमारा ऑथेंटिफिकेशन अब पहले से अधिक सेफ हो जाएगा। हम बिना आधार नंबर दिए ही वीआईडी से सारे काम कर सकते हैं।

वीआईडी 16 अंको की होगी इसके जनरेट करने की प्रक्रिया हम अपनी पिछली पोस्ट में बता चुके हैं। यह जरूरत के समय तुरंत भी बन सकती है। UIDAI ने ट्वीट कर इसकी जानकारी दी और कहा कि जल्दी ही सभी प्राइवेट सर्विस प्रोवाइडर भी इसे स्वीकार करने लगेंगे। आधार कार्ड के बारे में समय-समय पर कई अफवाहें उड़ाती रहते हैं, हमे तब तक इन बातों को सच नही मानना है जब तक कि UIDAI ने इसके बारे में बताया नही हो।

जियो यूजर इस तरीके से बढ़ाएं अपनी प्राइम मेम्बरशिप, jio user can upgrade their prime membership

अब जियो नें दूसरी टेलीकॉम कंपनियों को बड़ा झटका देते हुए जियो यूजर को प्राइम मेम्बरशिप को एक साल तक और फ्री कर दिया है। अब जिन ग्राहकों ने पिछले साल जियो की प्राइम मेम्बरशिप ली है, उन्हें अब दोबारा से पैसे खर्च करने कि जरूरत नही है।
इसमे भ्रमित होने की जरूरत नही है। इसका मतलब है कि प्राइम मेम्बरशिप को बंद नही किया है, बस पुराने ग्राहकों को एक साल ओर फ्री कर दिया है। जियो की एप्पलीकेशन में इसे रिन्यू करने का विकल्प आता है। नए ग्राहकों को इसकी मेम्बरशिप के पैसे खर्च करने होंगे। इसे पूरा करने के लिए स्टेप को फोलो करे हम इसे आसान तरीके से बताते हैं।

अब योग्यता के अनुसार 2 करोड़ तक का लोन मिलेगा, ऋण के लिए नही लगाने होंगे बैंक के चक्कर, now anyone can gets banks lone without going to bank

पिछली बार जब हमने लोन के बारे में बताया था, तो लोगो ने हमे बताया कि उन्हें लोन लेने में बड़ी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है, बैंक वाले पूरी बात नही बताते हैं। आज हम आपको ऐसे पोर्टल के बारे में बताते हैं जिसमे ये सारी जानकारी एक साथ दी गई है।

इस पोर्टल का नाम उधमीमित्रडॉटइन है, जिसकी लिंक हम कमेंट में भी दे रहे हैं। इसमें 140 से अधिक बैंक और लोन संस्था एक साथ दिए हैं, जिससे आपको बैंक जाने की जरूरत नही होगी।

इससे आसान तरीको से लोन दिया जाता है, ज्यादातर लोन का काम 15 दिन में ही निपटा लिया जाता है। इसे व्‍यवसाय विकास सेवाप्रदाता (बीडीएस) के नाम से जाना जाता है। इस पोर्टल में मैसेजिंग की सुविधा दी गई है, जिसके माध्‍यम से आवेदक ऋणदाताओं से संपर्क कर सकते हैं। इस पोर्टल में ऋण आवेदन प्रस्‍तुत कर दिए जाने के बाद, अतिरिक्‍त दस्‍तावेज़ भी इस पोर्टल के माध्यम से ही प्रस्‍तुत करने की सुविधा दी गई है, ताकि मैचुरेशन प्रणाली बेहतर बनाई जा सके।

लोन के लिये क्या करना है- अपने पुराने ऋण या क्रेडिट कार्ड के लोन को समय जमा करना चाहिए। आपके लेन-देंन ही अगली क्रेडिट सूचना रिपोर्ट (सीआईआर) को दर्शाती है। कम बैलेन्स, कम स्कोर तक पहुंच सकता है। सीआईआर कम से कम छह महीने पहले किसी ऋण या इसकी वृद्धि के लिए आवेदन करने से पहले लिया जा सकता है।

लोन के लिये क्या नहीं करना है- आपके ऋण किस्तों पर डिफ़ॉल्ट करना तथा देर से भुगतान करना, अनेक बैंक मे एक साथ आवेदन करना, उचित नियोजन के बिना ऋण के लिए आवेदन करना, खाते को ओवरड्राउड करना,, बैंकरों के कॉल को डिस्कनेक्ट करना।
आप पोर्टल पर उपलब्ध मैसेजिंग मॉड्यूल के माध्यम से अपने पसंदीदा ऋणदाता / हैंडलिंग एजेंसी से संपर्क कर सकते हैं। पोर्टल ऋण आवेदन जमा करने के बाद भी बैंक को अतिरिक्त दस्तावेज जमा करने की अनुमति देता है।

इनमें से किसी भी उद्यम- ऋण के लिए आवेदन किया जा सकता है। मुद्रा ऋण -10 लाख रुपये तक, स्‍टैंड-अप इंडिया ऋण, अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति तथा महिलाओं हेतु – ग्रीनफ़ील्ड (नवीन) उद्यमों के लिए 10 लाख से 100 लाख रुपये तक, सूक्ष्‍म, लघु एवं मध्‍यम (एसएमई) ऋण- (वर्तमान में 200 लाख रुपये तक)।

इस वेबसाइट पर जाने के बाद आप इसकी नियम व शर्तों को अच्छे से पढ़ लें।

एसबीआई के ग्राहकों को बड़ी खुशखबरी, 25 करोड़ लोगों को मिलेगा फायदा, sbi bank announce new benefits for minimum balance deduction

सभी लोगों के पास एसबीआई का खाता जरूर होता है। देशभर में एसबीआई के 41 करोड़ सेविंग ग्राहक है, इसमे 16 करोड़ प्रधानमंत्री जन-धन के खाते भी शामिल हैं। पिछले कुछ समय से इसमें मिनिमम बैलेंस न रखने पर पेनाल्टी को बड़ा दिया था, पर अब 1 अप्रैल से इसे 75 प्रतिसत घटा दी जायेगी। इसके बाद कस्टमर को 15 रुपये से ज्यादा पेनल्टी नहीं देनी होगी। बर्तमान समय में यह अधिकतम 50 रुपये थी। मेट्रो और शहरी इलाकों में अलग-अलग चार्ज लिया जाता है।
छोटे शहरों में चार्ज को 40 रुपये से घटाकर 12 रुपये कर दिया गया है, जबकि ग्रामीण में मिनिमम बैलेंस नहीं रखने पर अब 40 रुपये के बदले 10 रुपये चार्ज देना होगा।

आधार कार्ड धारकों के लिए बड़ी खुशखबरी, जिसका लोगो को बड़ा इंतजार था, now adhar introduce virtual ID

पहले हमें लगता था कि किसी को हमारा आधार नंबर देने से इसका कोई भी गलत उपयोग कर सकता है।अब आप घर बैठे ही तीन आसान से तरीके से 16 नम्बरों का वर्चुअल आधार नंबर जनरेट कर सकते हैं। वर्चुअल आधार नंबर (वीआईडी) के बाद हमे किसी को अपना आधार नंबर देने की जरुरत नही रहेगी। हम इस वर्चुअल आधार नंबर का उपयोग बैंक एकाउंट खोलने, सरकारी योजना या फिर सब्सिडी प्राप्त करने के लिए, पासपोर्ट बनवाने के लिए भी कर सकते हैं.
इसकी वेबसाइट पर जाने के बाद हमे आधार सर्विस में वर्चुअल जनरेटर के ऑप्शन पर जाना है। जिसके बाद हम आपना आधार नंबर, स्क्रीन में दिया कैप्चा कोड डालने के बाद सेंड ओटीपी पर क्लिक करना है। इसके बाद हमारे मोबाइल पर पासवर्ड आएगा। ओटीपी डालने के बाद हम या तो नया वर्चुअल आधार नंबर जनरेट कर सकते हैं या फिर पुराने को ही रिट्राइव कर सकते हैं। इसके बाद हमारे रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर 16 अंको का वर्चुअल आधार नंबर प्राप्त हो जाएगा।